Homeन्यूज़चुपचाप आई तबाही: मुरिदके में हाफिज सईद के अड्डे पर कहर बरपाने वाला हमला!"

चुपचाप आई तबाही: मुरिदके में हाफिज सईद के अड्डे पर कहर बरपाने वाला हमला!”

Date:

Share post:

पाकिस्तान स्थित कुख्यात आतंकी हाफिज सईद के टेरर कैंप पर बड़ा हमला हुआ है। सामने आए एक नए वीडियो में दावा किया गया है कि लश्कर-ए-तैयबा के सरगना हाफिज सईद का मुरिदके (पंजाब, पाकिस्तान) स्थित आतंकी ठिकाना मिसाइल स्ट्राइक में पूरी तरह तबाह हो चुका है। वीडियो में इमारतें ध्वस्त होती नजर आ रही हैं और मलबे में लिपटी आग की लपटें और धुआं इस हमले की गंभीरता को दिखा रहे हैं।

कहां हुआ हमला?
मुरिदके, जो लाहौर के पास स्थित है, लंबे समय से हाफिज सईद का मुख्यालय रहा है। यहीं से लश्कर-ए-तैयबा का संचालन होता था और यहीं आतंकी गतिविधियों की प्लानिंग की जाती थी। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, यह मिसाइल हमला अत्यंत सटीकता से किया गया और इसका निशाना सीधा आतंकी कैम्प पर था।

वीडियो में क्या है खास?
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस वीडियो में देखा जा सकता है कि मुरिदके की एक बड़ी इमारत, जिसे आतंकी अड्डा बताया जा रहा है, पूरी तरह मलबे में तब्दील हो चुकी है। वीडियो में स्थानीय लोगों की घबराहट और राहत कर्मियों की मौजूदगी भी दिख रही है।

हमले के पीछे कौन?
अब तक इस हमले की जिम्मेदारी किसी ने औपचारिक रूप से नहीं ली है, लेकिन सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह हमला अत्यंत रणनीतिक और खुफिया जानकारी के आधार पर किया गया है। इसे आतंकी नेटवर्क के खिलाफ बड़ी कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है।

भारत की चुप्पी, लेकिन इशारा साफ
हालांकि भारत की ओर से इस हमले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन कूटनीतिक गलियारों में इसे भारत की ‘जीरो टॉलरेंस फॉर टेरर’ नीति से जोड़कर देखा जा रहा है। हाफिज सईद 26/11 मुंबई हमलों का मास्टरमाइंड रहा है और भारत लंबे समय से उसकी गतिविधियों पर नजर रखे हुए है।

पाकिस्तानी सेना की चुप्पी सवालों के घेरे में
पाकिस्तानी सेना या सरकार की ओर से अभी तक इस घटना पर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, जो इस पूरे घटनाक्रम को और रहस्यमयी बना रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह हमला पाकिस्तान में सक्रिय आतंकी ढांचे के खिलाफ एक बड़ी चेतावनी हो सकता है।


मुरिदके में हाफिज सईद के टेरर कैम्प पर हुआ यह हमला आतंकवाद के खिलाफ वैश्विक स्तर पर जारी जंग में एक बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है। इस हमले ने यह संकेत दे दिया है कि अब आतंकवाद को शरण देने वालों को भी जवाब मिलेगा – और वह भी उनकी ही जमीन पर।

Related articles

गरीबी पर जीत, सब्ज़ीवाले की बेटी ने हासिल किया डिप्टी कलेक्टर का पद

छत्तीसगढ़ में घोषित हुए CGPSC 2024 के नतीजों में सरगुजा ज़िले के सीतापुर काराबेल क्षेत्र की किसान परिवार...

T20 वर्ल्ड कप 2026: रोहित शर्मा को मिली ICC की अहम जिम्मेदारी

ICC ने भारत के पूर्व कप्तान रोहित शर्मा को T20 वर्ल्ड कप 2026 का टूर्नामेंट एम्बेसडर नियुक्त किया...

17 साल बाद भी जख्म ताज़ा: 26/11 के शहीदों को देश का सलाम

देशभर में 26/11 मुंबई आतंकी हमले की 17वीं बरसी पर शहीदों को श्रद्धांजलि दी गई। 2008 में लश्कर-ए-तैयबा...

धर्मेंद्र के लिए शाहरुख खान भावुक, दिल छू लेने वाला संदेश

बॉलीवुड के लीजेंड धर्मेंद्र का 24 नवंबर को 89 वर्ष की उम्र में लंबी बीमारी के बाद निधन...